पुरुषों के लिए स्वास्थ्य की चेतावनी: अनदेखी अब नहीं चलेगी
आमतौर पर देखा गया है कि पुरुष अपने स्वास्थ्य को लेकर उतने सजग नहीं होते जितना उन्हें होना चाहिए। वे अकसर बीमारी को नजरअंदाज करते हैं, नियमित जांच नहीं कराते और डॉक्टर के पास तब ही जाते हैं जब हालात बिगड़ जाते हैं। इसका नतीजा यह होता है कि उन्हें गंभीर बीमारियों का सामना करना पड़ता है, जिनसे बचाव संभव था।
🔍 पुरुषों में स्वास्थ्य की अनदेखी के सामान्य कारण:
सामाजिक धारणा:
बचपन से ही लड़कों को ‘मजबूत’ बनने की सीख दी जाती है। यही सोच आगे चलकर उन्हें अपने दर्द या लक्षणों को छुपाने के लिए प्रेरित करती है।स्वस्थ्य जांच से दूरी:
महिलाएं जहां नियमित रूप से डॉक्टर से जांच करवाती हैं, वहीं पुरुषों में यह प्रवृत्ति कम पाई जाती है। उन्हें लगता है कि जब तक कोई स्पष्ट समस्या नहीं दिखती, तब तक डॉक्टर के पास जाना ज़रूरी नहीं।मानसिक स्वास्थ्य की अनदेखी:
डिप्रेशन, तनाव और चिंता पुरुषों में भी होते हैं, लेकिन वे इन मुद्दों को कमज़ोरी समझकर छुपा लेते हैं। इसका असर उनके पेशेवर और पारिवारिक जीवन पर भी पड़ता है।
🫀 कौन सी बीमारियां सबसे आम हैं पुरुषों में?
दिल की बीमारियां (Cardiovascular Diseases):
पुरुषों में हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा ज्यादा होता है, खासकर अगर वे धूम्रपान करते हैं, शराब का सेवन करते हैं या उच्च रक्तचाप और कोलेस्ट्रॉल की समस्या है।प्रोस्टेट और टेस्टिकुलर कैंसर:
ये कैंसर पुरुषों में आम हैं और समय पर जांच से इनका पता लगाया जा सकता है।डायबिटीज और मोटापा:
शारीरिक गतिविधियों की कमी और अनियमित खानपान से मोटापा और डायबिटीज का खतरा बढ़ता है।मानसिक स्वास्थ्य समस्याएं:
आत्महत्या के आंकड़ों में पुरुषों की संख्या महिलाओं से अधिक होती है, जिसका प्रमुख कारण मानसिक स्वास्थ्य को नज़रअंदाज़ करना है।
✅ क्या करें पुरुष अपने स्वास्थ्य को बेहतर रखने के लिए?
नियमित हेल्थ चेकअप कराएं:
हर साल ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर, कोलेस्ट्रॉल और प्रोस्टेट से संबंधित जांच करवाना चाहिए।मानसिक स्वास्थ्य का ख्याल रखें:
तनाव, नींद की समस्या या निराशा महसूस होने पर मनोवैज्ञानिक से मिलें।सक्रिय जीवनशैली अपनाएं:
रोज़ाना कम से कम 30 मिनट की शारीरिक गतिविधि करें – जैसे तेज़ चलना, दौड़ना, साइकलिंग या योग।स्वस्थ आहार लें:
जंक फूड से बचें और हरी सब्जियों, फलों, साबुत अनाज, और प्रोटीन युक्त भोजन को शामिल करें।धूम्रपान और शराब से दूरी बनाएं:
ये आदतें न केवल दिल, फेफड़ों और लिवर को नुकसान पहुंचाती हैं बल्कि कैंसर का खतरा भी बढ़ाती हैं।
🔚 निष्कर्ष:
आज के दौर में पुरुषों को अपनी सेहत को लेकर उतना ही गंभीर होना होगा जितना वे अपने काम या परिवार के प्रति होते हैं। स्वास्थ्य सिर्फ शारीरिक नहीं, मानसिक और सामाजिक रूप से भी ज़रूरी है। अगर समय रहते जागरूकता लाई गई, तो न सिर्फ बीमारियों से बचा जा सकता है बल्कि जीवन को अधिक आनंददायक और सक्रिय बनाया जा सकता है।
📢 सुझाव:
अगर आप 30 या उससे अधिक उम्र के हैं, तो साल में एक बार पूरा बॉडी चेकअप ज़रूर कराएं और अपने स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें।

